ठगी का शिकार हुई आशा, विभाग ने जारी किया अलर्ट
-विभाग के नाम पर फोन करने वालों का पहले करें सत्यापन
श्रीगंगानगर। चूनावढ़ क्षेत्र की एक आशा सहयोगिनी से ऑनलाइन ठगी कर उसके अकाउंट से 20 हजार रुपए निकाल लिए। यही नहीं इसी तरह कई अन्य आशा सहयोगिनियों के पास भी फोन आ रहे हैं, जिसके चलते मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेश बंसल ने सभी आशाओं को अलर्ट किया है। साथ ही सभी बीसीएमओ अन्य अधिकारियों को निर्देशित किया है कि आशा सहयोगिनी एवं अन्य स्टाफ को इस बाबत जानकारी दें ताकि कोई कार्मिक ठगी का शिकार न हो। यही नहीं अन्य किसी निजी चिकित्सालय या संस्थान आदि ने विभाग के नाम पर कोई फोन कर ठगी या फर्जीवाड़ा करने का प्रयास करता है तो सत्यापन करते हुए उसकी सूचना सीएमएचओ को दें ताकि संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
आशा समन्व्यक रायसिंह सहारण ने बताया कि चूनावढ़ क्षेत्र के गांव पांच एलएल की आशा सहयोगिनी निवासी परमजीत कौर के पास किसी मोबाइल नंबर से फोन आया और खुद को सीएमएचओ ऑफिस का कार्मिक बताते हुए आधार नंबर, अकाउंट नंबर और कार्ड के पिन नंबर हासिल कर लिए। विश्वास जताने के लिए उसने कई बार फोन किए और कार्य के संबंध में जानकारी लेता रहा एवं आखिर में अकाउंट नंबर आदि लिए। इसके बाद 20 हजार रुपए ऑनलाइन निकाल लिए गए, जिस पर मैसेज आने पर आशा को ठगी का अहसास हुआ। आशा ने इस संबंध में स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी सहित पुलिस थाना चूनावढ़ में लिखित शिकायत दी है। उन्होंने बताया कि इस तरह के फोन अन्य आशा सहयोगिनी के पास भी आ रहे हैं। सीओआईईसी विनोद बिश्रोई ने बताया कि विभाग की ओर से किसी भी आशा, एएनएम या अन्य कार्मिक से कार्ड नंबर या उसके पिन नंबर नहीं पूछे जाते। केवल अकाउंट नंबर लिए जाते हैं वो भी केवल संबंधित स्वास्थ्य केंद्र पर पीसीटीएस एंट्री में दर्ज करने के लिए मौके पर ही लिए जाते हैं। अत: आशाओं व अन्य आमजन से भी अपील की जाती है कि इस तरह के फोन आने पर किसी भी तरह की जानकारी न दें, क्योंकि ऐसे मामले आए दिन सामने आ रहे हैं। यही नहीं कुछेक लोग निजी चिकित्सालयों एवं अन्य लोगों को विभाग के नाम पर या विभाग के किसी अधिकारी या कार्मिक के नाम से फोन कर डराते-धमकाते हैं। अत: इस संबंध में एहतियात बरतते हुए पहले संबंधित अधिकारी से सत्यापन करें और फर्जी फोन करने वालों की पुलिस थाने में शिकायत करें।
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