पीएमएसएमए पर सुरक्षित हुई महिलाएं
-प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस पर मिल रही मातृत्व स्वास्थ्य सुविधाएं
श्रीगंगानगर। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस इस बार दस अप्रेल को जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और जिला अस्पताल में मनाया गया। इस दौरान महिलाओं आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाई गईं और उन्हें स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ उनकी सेहत के लिए उन्हें जागरूक भी किया गया। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस हर माह की नौ तारीख को मनाया जाता है, जबकि राजकीय अवकाश होने पर आगामी दिवस पर यह दिवस मनाया जाता है। इस दौरान सरकारी चिकित्सकों सहित निजी चिकित्सक भी सेवाएं दे रहे हैं।
सीएमएचओ डॉ. नरेश बंसल ने बताया कि महिलाओं को गुणवत्ता युक्त प्रसव पूर्व स्वास्थ्य सेवाएं देने के सोमवार को जिले में पीएमएसएमए मनाया गया। इस दौरान गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण भी हुआ और उन्हें अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की गई। अभियान का मुख्य उद्देश्य मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सुदृढ् करना और मातृ एवं शिशु मुत्यृ में कमी लाना है। इस दौरान यह सुनिश्चित किया जाता है कि द्वितीय व तृतीय तिमाही की गर्भवती महिला को कम से कम एक बार चिकित्सक द्वारा जांच हो। सोमवार को प्रसव पूर्व जांच भी की गई और इसके लिए बकायदा संबंधित स्वास्थ्य केंद्र पर कक्ष भी निर्धारित किया गया। अभियान का एक उद्देश्य यह भी है कि गर्भवती महिलाओं को स्वस्थ शिशु व स्वस्थ जीवन प्रदान किया जाए। गर्भावस्था की जटिलताओं के बारे में जागरूक करना, यानी उन्हें बताना व समझाना कि उन्हें इस दौरान क्या-क्या ख्याल रखना है। दरअसल प्रसव पूर्व या प्रसव के दौरान रक्तचाप, शुगर की अधिकता, हारमोन संबंधी परेशानियां आदि ऐसी जटिलताएं हैं जो समस्या पैदा कर सकती हैं। यही वजह है कि अभियान के जरिए गर्भवती महिलाओं की जांच कर, उन्हें आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाते हुए जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा जिले में प्रत्येक माह के पहले, तीसरे और चौथे शुक्रवार को निर्धारित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर सुरक्षित मातृत्व दिवस मनाया जा रहा है, जहां स्त्री रोग विशेषज्ञों द्वारा सेवाएं दी जा रही हैं। जबकि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस हर पीएचसी व सीएचसी पर मनाया जाता है।
-प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस पर मिल रही मातृत्व स्वास्थ्य सुविधाएं
श्रीगंगानगर। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस इस बार दस अप्रेल को जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और जिला अस्पताल में मनाया गया। इस दौरान महिलाओं आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाई गईं और उन्हें स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ उनकी सेहत के लिए उन्हें जागरूक भी किया गया। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस हर माह की नौ तारीख को मनाया जाता है, जबकि राजकीय अवकाश होने पर आगामी दिवस पर यह दिवस मनाया जाता है। इस दौरान सरकारी चिकित्सकों सहित निजी चिकित्सक भी सेवाएं दे रहे हैं।
सीएमएचओ डॉ. नरेश बंसल ने बताया कि महिलाओं को गुणवत्ता युक्त प्रसव पूर्व स्वास्थ्य सेवाएं देने के सोमवार को जिले में पीएमएसएमए मनाया गया। इस दौरान गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण भी हुआ और उन्हें अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की गई। अभियान का मुख्य उद्देश्य मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सुदृढ् करना और मातृ एवं शिशु मुत्यृ में कमी लाना है। इस दौरान यह सुनिश्चित किया जाता है कि द्वितीय व तृतीय तिमाही की गर्भवती महिला को कम से कम एक बार चिकित्सक द्वारा जांच हो। सोमवार को प्रसव पूर्व जांच भी की गई और इसके लिए बकायदा संबंधित स्वास्थ्य केंद्र पर कक्ष भी निर्धारित किया गया। अभियान का एक उद्देश्य यह भी है कि गर्भवती महिलाओं को स्वस्थ शिशु व स्वस्थ जीवन प्रदान किया जाए। गर्भावस्था की जटिलताओं के बारे में जागरूक करना, यानी उन्हें बताना व समझाना कि उन्हें इस दौरान क्या-क्या ख्याल रखना है। दरअसल प्रसव पूर्व या प्रसव के दौरान रक्तचाप, शुगर की अधिकता, हारमोन संबंधी परेशानियां आदि ऐसी जटिलताएं हैं जो समस्या पैदा कर सकती हैं। यही वजह है कि अभियान के जरिए गर्भवती महिलाओं की जांच कर, उन्हें आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाते हुए जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा जिले में प्रत्येक माह के पहले, तीसरे और चौथे शुक्रवार को निर्धारित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर सुरक्षित मातृत्व दिवस मनाया जा रहा है, जहां स्त्री रोग विशेषज्ञों द्वारा सेवाएं दी जा रही हैं। जबकि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व दिवस हर पीएचसी व सीएचसी पर मनाया जाता है।

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